सर्दियों में अमरूद में ज्यादा फूल कैसे लें?
सही देखभाल,खाद,सिंचाई और बीमारियों से बचाव की पूरी जानकारी (गमला और जमीन दोनों)
अमरूद भारत के सबसे लोकप्रिय,लाभदायक और जल्दी फल देने वाले फलों में से एक है।अगर सही तकनीक अपनाई जाए तो सर्दियों में अमरूद की फसल न केवल ज्यादा होती है बल्कि फल मीठे,रसदार और बाजार में ऊँचे दाम पर बिकते हैं।लेकिन बहुत से किसान और होम गार्डनिंग करने वाले लोगों की शिकायत रहती है कि सर्दियों में अमरूद के पौधों में फूल कम आते हैं या फूल आने के बाद झड़ जाते हैं।
इस लेख में आप जानेंगे कि सर्दियों में अमरूद में ज्यादा फूल और फल लेने के लिए क्या करें,कौन-सी खाद सबसे असरदार है,सिंचाई कैसे करें,कौन-सी बीमारियाँ आती हैं और उनसे बचाव कैसे करें।साथ ही गमले में अमरूद उगाने की पूरी जानकारी भी दी गई है।
सर्दियों की फसल क्यों सबसे अच्छी मानी जाती है?
अमरूद की मुख्य रूप से तीन फसलें ली जाती हैं:
• वर्षा ऋतु
• हेमंत ऋतु
• शीत ऋतु (सर्दी)
इनमें सर्दियों की फसल सबसे उत्तम मानी जाती है क्योंकि:
• फल ज्यादा मीठे और खुशबूदार होते हैं
• कीट और रोग कम लगते हैं
• स्टोरेज लाइफ ज्यादा होती है
• बाजार में हाई प्राइस और अच्छा मुनाफा मिलता है
इसी वजह से किसान और बागवान सर्दियों की फसल पर ज्यादा फोकस करते हैं।
सर्दियों में अमरूद में फूल कम आने के मुख्य कारण
अगर आपके अमरूद के पौधे में फूल नहीं आ रहे हैं तो इसके पीछे ये कारण हो सकते हैं:
• सही समय पर कटाई-छंटाई न होना
• मिट्टी में पोषक तत्वों की कमी
• ज्यादा या कम सिंचाई
• बहुत पुराने और कमजोर तने
• कीट या फंगल रोग
• गलत समय पर खाद देना
इन कारणों को सही करने से फूलों की संख्या अपने-आप बढ़ने लगती है।
सर्दियों की फसल के लिए सही समय और तैयारी
सर्दियों की फसल लेने के लिए जून–जुलाई में वर्षा ऋतु की फसल को नियंत्रित किया जाता है।इस दौरान पौधे पर आए फूल और छोटे फलों को हटा दिया जाता है ताकि पौधा अपनी पूरी ताकत सर्दियों की फसल के लिए बचा सके।
यह तरीका थोड़ा मेहनत वाला जरूर है लेकिन इससे सर्दियों में जबरदस्त फूल और भारी फलन मिलता है।
अमरूद में ज्यादा फूल लाने के लिए कटाई-छंटाई (Pruning)
कटाई-छंटाई अमरूद की खेती और होम गार्डनिंग दोनों में सबसे जरूरी प्रक्रिया है।
सही तरीका
• जुलाई–अगस्त में हल्की से मध्यम छंटाई करें
• सूखी,बीमार और अंदर की ओर बढ़ी टहनियाँ हटा दें
• बहुत पुराने तनों को काटें
• पौधे में धूप और हवा का सही प्रवाह रखें
फायदे
• नई शाखाएँ निकलती हैं
• नई शाखाओं पर ज्यादा फूल आते हैं
• रोग और कीट का प्रकोप कम होता है
सर्दियों में अमरूद के लिए सबसे अच्छी खाद
जैविक खाद (High CPC – Organic Farming)
• सड़ी हुई गोबर की खाद
• वर्मी कम्पोस्ट
• नीम खली
• सरसों खली
रासायनिक खाद (जरूरत अनुसार)
• नाइट्रोजन – सीमित मात्रा में
• फॉस्फोरस – फूल बढ़ाने के लिए
• पोटाश – फूल और फल मजबूत करने के लिए
घरेलू लिक्विड खाद
• गोबर का घोल
• छाछ का पानी
• सरसों खली का घोल
• जीवामृत
इन खादों को 15–20 दिन के अंतर से देने पर फूलों की संख्या और क्वालिटी दोनों बढ़ती है।
सिंचाई कैसे करें?
• सर्दियों में ज्यादा पानी न दें
• मिट्टी हल्की नम रहे
• जलभराव बिल्कुल न होने दें
• सुबह के समय सिंचाई करना सबसे बेहतर होता है
गलत सिंचाई से फूल और छोटे फल झड़ जाते हैं।
फूल झड़ने से कैसे रोकें?
• संतुलित खाद का उपयोग करें
• अचानक ज्यादा पानी न दें
• पोटाश की सही मात्रा दें
• समय पर कीट-रोग नियंत्रण करें
• पौधे को तनाव में न आने दें
सर्दियों में अमरूद की प्रमुख बीमारियाँ और रोकथाम
1. फल मक्खी
फल में कीड़ा लग जाता है और फल गिरने लगते हैं।
रोकथाम: गिरे फलों को नष्ट करें,नीम आधारित स्प्रे करें।
2. पत्तियों का झुलसा रोग
पत्तियाँ जली हुई जैसी दिखती हैं।
रोकथाम: कॉपर आधारित दवा का छिड़काव करें।
3. उकठा रोग
पौधा धीरे-धीरे सूखने लगता है।
रोकथाम: अच्छी जल निकासी और ट्राइकोडर्मा का प्रयोग करें।
कीटों से बचाव के घरेलू उपाय
• नीम तेल
• लहसुन-मिर्च का घोल
• गोमूत्र आधारित घोल
ये उपाय सर्दियों में सुरक्षित और प्रभावी माने जाते हैं।
गमले में अमरूद का पौधा: Home Gardening के लिए पूरी गाइड
आजकल बहुत से लोग छत,बालकनी या आंगन में गमले में अमरूद उगाना चाहते हैं।अगर सही देखभाल की जाए तो गमले में भी सर्दियों में अच्छा फूल और फल लिया जा सकता है।
सही गमला कैसे चुनें
• कम से कम 18–24 इंच गहरा और चौड़ा गमला
• नीचे जल निकास के छेद जरूरी
• सीमेंट या मोटा प्लास्टिक गमला बेहतर
गमले की मिट्टी
• 40% बगीचे की मिट्टी
• 30% सड़ी गोबर की खाद या वर्मी कम्पोस्ट
• 20% रेत
• 10% नीम खली या कोकोपीट
हर साल सर्दी से पहले ऊपर की 2–3 इंच मिट्टी बदलें।
गमले में खाद
• हर 20 दिन में वर्मी कम्पोस्ट
• महीने में 1 बार सरसों खली का घोल
• 15–20 दिन में जैविक लिक्विड खाद
• फूल से पहले हल्का पोटाश
सिंचाई
• मिट्टी सूखने पर ही पानी दें
• सर्दियों में 4–5 दिन में एक बार
• सुबह पानी देना बेहतर
गमले में छंटाई
• जुलाई–अगस्त में हल्की छंटाई
• सूखी और कमजोर टहनियाँ हटाएँ
जरूरी टिप्स
• धूप वाली जगह रखें
• तेज ठंडी हवा से बचाएँ
• पौधे को बार-बार जगह न बदलें
उपयोगी वेबसाइट और जानकारी के स्रोत
अधिक वैज्ञानिक और भरोसेमंद जानकारी के लिए आप इन स्रोतों को देख सकते हैं:
• ICAR – https://icar.org.in
• कृषि विज्ञान केंद्र (KVK) – https://kvk.icar.gov.in
• YouTube पर “Guava Pruning in Winter” खोजें
निष्कर्ष
अगर आप चाहते हैं कि सर्दियों में आपके अमरूद के पौधे फूलों और फलों से भर जाएँ,तो केवल खाद डालना ही काफी नहीं है।सही समय पर छंटाई,संतुलित पोषण,नियंत्रित सिंचाई और रोग-कीट प्रबंधन बेहद जरूरी है।चाहे पौधा जमीन में हो या गमले में,थोड़ी सही देखभाल से आप बेहतरीन सर्दियों की अमरूद फसल पा सकते हैं।
Reviewed by YojanaGyanHindi
on
जनवरी 06, 2026
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